news

संपर्क, संवाद और संघर्ष के द्वारा ही सुरक्षित रह सकता है पत्रकारों का सम्मान --- डा नरेश पाल सिंह

संपर्क, संवाद और संघर्ष के द्वारा ही सुरक्षित रह सकता है पत्रकारों का सम्मान --- डा नरेश पाल सिंह रामपुर सॅपर्क सॅवाद एवम संघर्ष के माध्यम से हम पत्रकारो के सम्मान की रक्षा के लिये हम निरॅतर सॅगठन की शक्ति बढाते जा रहे है । ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के प्रांतीय महासचिव ( सॅगठन) एवम राष्ट्रीय स्तर पर तीन प्रदेशो के प्रभारी डा नरेश पाल सिंह ने पत्रकारो को संबोधित करते हुये कहा कि अब ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन देश का सबसे बडा पत्रकार सॅगठन बन चुका है । ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन रामपुर के द्वारा "एक शाम पत्रकारों के नाम" कार्यक्रम किया गया जिसकी अध्यक्षता जिला अध्यक्ष राजीव कुमार वर्मा एडवोकेट तथा संचालन सुरेन्द्र कुमार यादव ने किया। सर्वप्रथम मंचसीन अतिथियों द्वारा मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्वलित कर पुष्प अर्पित किए गए। कार्यक्रम को मुख्य अतिथि ग्रामीण पत्रकार एसोसिएशन के प्रदेश महामंत्री( संगठन) एवं प्रभारी मध्य प्रदेश, हरियाणा, उत्तराखंड डॉ नरेश पाल सिंह ने कहा कि संगठन का जन्म सन 1982 में बलिया जिले के गढ़वार कस्बे में सात लोगों की उपस्थिति में हुआ। 1986 में संगठन के रजिस्ट्रेशन के साथ ही लखनऊ में सैकड़ो ग्रामीण पत्रकारों का सम्मेलन संपन्न हुआ। उन्होंने कहा कि संगठन के प्रारंभ में दूर-दूर तक विस्तार करने के लिए संगठन के संस्थापक बाबू बालेश्वर लाल जी ने पोस्टकार्ड को अपना माध्यम बनाया और पोस्टकार्ड के जरिए ही पूरे प्रदेश में संगठन का विस्तार किया। हम सभी पत्रकारों को अपनी मर्यादा में रहते हुए अपनी ले खनी के द्वारा सत्य,सटीकता एवं निष्पक्षता के साथ समाचार लिखना चाहिए। आज संगठन क़े राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री देवी प्रसाद गुप्ता जी के द्वारा दिए गये संपर्क, संवाद और संघर्ष के तीन सूत्रीय मार्ग पर चलकर राष्ट्र के 11 प्रदेशों में संगठन का गठन हुआ। उन्होंने कहा कि तीन सूत्रीय फॉर्मूले से ही पत्रकारों की सुरक्षा और सम्मान की गारंटी दी जा सकती है। हमें अपने संगठन के द्वारा दिए गए कार्यक्रमों को भी अपनाना चाहिए। विशिष्ट तिथि डॉ बी सी सक्सेना ने कहा कि संगठन में ही शक्ति है जिस संगठन में शक्ति होती है वह उसे और अपने राष्ट्र को प्रगति के लिएपरम वैभव पर ले जाता है। उन्होंने कहा कि देश की उन्नति के लिए हमें अपने देश की बनी वस्तु को अपनाना चाहिए जिससे उस वस्तु की मूल्य से मिला लाभ देश की प्रगति में सहायक सिद्ध हो सके। इंपैक्ट इंस्टीट्यूट के स्वामी डा सुल्तान सैफी ने कहा कि हम सबको संगठन के साथ ही चलना चाहिए ताकि पत्रकारों के खिलाफ प्रशासन द्वारा अनुचित कार्यवाही होने पर इनका मुकाबला किया जा सके। अब्दुल सलाम, वीरेन्द्र सक्सेना, दुर्गेश कुमार., हरिशंकर कश्यप, राजकुमार शर्मा आदि ने भी संबोधित किया। कार्यक्रम के अध्यक्ष श्री राजीव कुमार वर्मा एडवोकेट ने कहा कि हम सबको संगठन की उन्नति के लिए एक जुट होकर काम करना पड़ेगा जिससे भविष्य में यदि पत्रकारों पर कोई किसी तरह का अनुचित करवाई होती है मुकाबला कर सके। उन्होंने कहा कि ऐसी भीषण बरसात में भी जिला रामपुर के कोने-कोने से आए पत्रकारों ने कार्यक्रम में उपस्थित होकर अपना अभूतपूर्व सहयोग दिया है उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपेक्षा की है कि सभी कार्यकर्ता इसी प्रकार से एकजुट होकर संगठन का सहयोग करते रहेंगे तो संगठन निश्चित रूप से प्रगति के ऊंचाइयों को छूएगा। इस मौके पर सैकड़ो की संख्या में पत्रकार उपस्थित रहे।उन्होंने कार्यक्रम में उपस्थित होने के लिए सभी का अंतर्मन की गहराइयों से स्वागत और अभिनंदन किया सभी पत्रकारों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया और मंचासीन अतिथियों को प्रतीक चिन्ह एवं शाल देकर सम्मानित किया गया।

Read More

You can share this News!

Watch Videos
news
news
news